सिर्फ 24 घंटे में बनें पत्रकार, कोई ताम-झाम नहीं डायरेक्ट नियुक्ति



पटना : यदि आप अपने क्षेत्र से भ्रष्टाचार की विरुद्ध आवाज उठाना चाहते हैं ? आप चाहते हैं कि आपके क्षेत्र में अपराध घूसखोरी और भ्रष्टाचार खत्म हो, तो आपके लिए शानदार समय है। क्योंकि आप पत्रकार बनकर किसी भी समस्या के लिए आवाज उठा सकते हैं, लड़ सकते हैं। पत्रकारिता आपको वह पावर और शक्ति देता है जिससे थाना पुलिस, प्रशासन, पंचायत से लेकर जिला तक का कोई भी नेता, आपकी बात सुनने को मजबूर होता है, और समस्या को खत्म करने के लिए काम करता है। 

अखबार में मुद्रित (छपे) और प्रकाशित हुए हर एक खबर साक्ष्य हो जाता है और उसे मिटाया नहीं जा सकता। छपा हुआ खबर अनुमंडलीय स्तर के व्यवहार न्यायालय से लेकर हाईकोर्ट और सुप्रीम कोर्ट तक मान्य होता है। 

अखबार में छपी खबर पर सत्यता की शत प्रतिशत गारंटी की वजह से भारत का संविधान, राज्य सरकार व केंद्र सरकार विशेष साक्ष्य के तौर पर पेश करने की इजाजत देता है।

समाचार पत्र और सोशल मीडिया में अंतर 

समाचार पत्र में मुद्रित (छपे) किसी भी खबर को मिटाया नहीं जा सकता। जबकि सोशल मीडिया पर चल रहे खबर लोकल प्रशासन की दबाव पर भी मिटाया जाता है।  किसी तरह की खुदकुशी भ्रष्टाचार या नेताओं के विरुद्ध चलाए जा रहे खबर को सोशल मीडिया का प्लेटफार्म स्वत मिटा देता है। कभी-कभी जिस चैनल पर खबर चलाया जाता है, उस चैनल को ही डिलीट या अनलिस्टेड कर दिया जाता है। सोशल मीडिया पर चल रहे खबरों में फर्जी खबरों के तादाद बहुत ज्यादा होने के चलते विश्वसनीयता घट जाती है। 

क्या है नील सागर ?

नील सागर एक दैनिक प्रकाशित होने वाला समाचार पत्र है । यह भारत सरकार के सूचना प्रसारण मंत्रालय के आरएनआई द्वारा रजिस्टर्ड समाचार पत्र है। नील सागर का पंजीयन वर्ष 2013 में हुआ था। उस वक्त से लगातार प्रकाशन में रहा, इधर करीब 2 वर्ष पूर्व प्रकाशन को अस्थाई रूप से बंद किया गया था। नील सागर का प्रकाशन 15 अप्रैल 2026 से बिहार झारखंड और उत्तर प्रदेश और दिल्ली में किया जाना है। 

केवल बिहार (जिला 38, अनुमंडल 101, ब्लॉक 534) में 1555 पत्रकारों के नियुक्ति होनी है। आवेदन करने के लिए आपके शैक्षणिक योग्यता कम से कम मैट्रिक पास होनी चाहिए। 

आवेदन करने के लिए कागजात 

क)आवेदन पत्र 

ख) आधार कार्ड की छाया प्रति 

ग) निवास प्रमाण पत्र या वोटर पहचान पत्र की छाया प्रति 

घ) चार पासपोर्ट साइज रंगीन फोटो 

च) रजिस्ट्रेशन शुल्क 


उपरोक्त सभी आवश्यक कागजातों को समाचार पत्र के कार्यालय में समर्पित करें। कागजात किसी भी माध्यम से भेजा जा सकता है :-


ईमेल के माध्यम से, 

स्पीड पोस्ट या रजिस्ट्री के माध्यम से, 

पीडीएफ बनाकर व्हाट्सएप के माध्यम से 

या हाथों हाथ कार्यालय में जमा किया जा सकता है।

Post a Comment

0 Comments